तिहाड़ जेल दिल्ली में स्थित सबसे बड़ा जेल परिसर है और अक्सर खबरों में रहता है। अगर आप तिहाड़ से जुड़ी खबरें, किसी बंदी की स्थिति, विज़िट नियम या कानूनी प्रक्रिया जानना चाहते हैं तो यह पेज सीधे और उपयोगी जानकारी देगा। सीधा-सादा भाषा में बताऊँ तो यहाँ आपको क्या करना चाहिए और किन चीज़ों का ध्यान रखना है।
सबसे पहला कदम आधिकारिक और भरोसेमंद स्रोत देखना है। सरकारी जेल विभाग की वेबसाइट और आधिकारिक नोटिस सबसे भरोसेमंद होते हैं। इसके अलावा बड़े समाचार पोर्टल, अदालत के आदेश (eCourts) और आधिकारिक प्रेस रिलीज़ पर नजर रखें।
रियल-टाइम अलर्ट के लिए Google Alerts सेट कर लें—"तिहाड़ जेल" कीवर्ड डालकर आप नई खबरें ईमेल में पा सकते हैं। सोशल मीडिया पर भी कई रिपोर्ट्स आती हैं, पर पहले स्रोत की पुष्टि कर लें। किसी भी खबर को शेयर करने से पहले आधिकारिक बयान या कोर्ट आर्डर देखें।
अगर आप किसी बंदी से मिलने जा रहे हैं तो पहले नियम जांच लें। सामान्य तौर पर विज़िट की अनुमति के लिए पूर्व अनुमति और पहचान-पत्र जरूरी होते हैं। मोबाइल, ज्वेलरी और अन्य प्रतिबंधित आइटम साथ लेकर नहीं जा सकते। विज़िट टाइम और दिन जेल के नियमों के अनुसार बदलते हैं, इसलिए पहले कॉल या आधिकारिक नोटिस देखें।
कानूनी मदद चाहिए? वकील को बंदी से मिलना आमतौर पर न्यायिक अधिकार के अंतर्गत आता है। वकील मिलने के लिए कोर्ट के नोटिस या पहले से तय अपॉइंटमेंट का सहारा लें। अगर बंदी के अधिकारों का उल्लंघन लगे तो आप जेल के सुपरिंटेंडेंट से लिखित शिकायत कर सकते हैं और फिर राज्य मानवाधिकार आयोग या राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग में अपील कर सकते हैं।
परिवार के लिए सुझाव: मिलने से पहले आवश्यक दस्तावेज की सूची बनाकर रखें, आगमन समय से पहले पहुँचें, और जेल के नियमों का पालन करें। छोटे पैकेट में रोजमर्रा की ज़रूरत की चीज़ें भेजने पर भी पाबंदी हो सकती है—यह पहले से पूछ लें।
यदि आप किसी मामले की कानूनी स्थिति ट्रैक करना चाहते हैं तो eCourts या संबंधित अदालत की वेबसाइट पर केस नंबर से सुनवाई और आदेश देख सकते हैं। यह तरीका बोंधी जानकारी और जमानत संबंधित अपडेट पाने का भरोसेमंद रास्ता है।
अंत में, खबरों और अफवाहों में फर्क समझना ज़रूरी है। तिहाड़ से जुड़ी रिपोर्ट अक्सर संवेदनशील होती हैं—इसलिए आधिकारिक दस्तावेज और कोर्ट रिकॉर्ड को प्राथमिकता दें। इस पेज पर हम ऐसी खबरों और अप-टू-डेट जानकारी का सार साझा करते रहेंगे ताकि आप तिहाड़ से जुड़ी मुख्य बातों को तेज़ी से समझ सकें।
अरविंद केजरीवाल तिहाड़ जेल से रिहा: 'प्रिजन मेरी हिम्मत नहीं तोड़ सकते'
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को तिहाड़ जेल से 13 सितंबर, 2024 को रिहा किया गया। केजरीवाल ने अपने रिहाई पर कहा, 'उन्होंने मुझे जेल में डालकर मेरी हिम्मत तोड़ने की कोशिश की, लेकिन मेरी हिम्मत और बढ़ी है; जेल मुझे कमजोर नहीं कर सकती।' उनके स्वागत में आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ता और अन्य नेता मौजूद थे।